एमपी खाद घोटाला, जबलपुर की दो गोदामों में 10 लाख की गड़बड़ी का खुलासा, कलेक्टर का एक्शन

जबलपुर: मध्य प्रदेश के जबलपुर में खाद के दो गोदामों की जांच के दौरान 10 लाख रुपए की अनियमितता पाई गई है। जांच समिति की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने सोसायटी प्रबंधक और खाद प्रभारी के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया है। वहीं इससे जुड़े तारों की भी जांच की जा रही है।
चरगवां पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार शाहपुरा विकासखंड की वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी एवं सहायक खाद निरीक्षक मेघा अग्रवाल ने लिखित रिपोर्ट पेश की है। इस मामले में जिला कलेक्टर दीपक सक्सेना के निर्देश पर वृहतकर सेवा सहकारी समिति बरखेड़ा और नयानगर सूखा भरतपुर सहकारी समिति का अघोषित निरीक्षण किया गया।
पीओएस मशीन में मिली गड़बड़ी
निरीक्षण के दौरान बरखेड़ा सहकारी समिति के दस्तावेजों की समीक्षा और भौतिक सत्यापन में पाया गया कि पीओएस मशीन पर 1.62 टन यूरिया दर्शाया गया था, लेकिन समिति के गोदाम में केवल 0.36 टन ही पाया गया। इसी प्रकार, पीओएस मशीन पर 11.05 टन सिंगल सुपर फास्फेट पाउडर (एसएसपी) दर्शाया गया था, लेकिन गोदाम में केवल 3.5 टन पाया गया, जो 7.55 टन एसएसपी की कमी दर्शाता है।
प्रबंधकों के खिलाफ इन धाराओं में मामला दर्ज
अन्य अनियमितताओं के अलावा परमिट भी पाए गए। जिन पर प्रबंधक के हस्ताक्षर नहीं थे। वृहतकार सेवा सहकारी समिति नयानगर सूखा भरतपुर के निरीक्षण के दौरान 43.92 टन यूरिया और 26.50 टन डीएपी गायब पाया गया। पुलिस ने दोनों समितियों के प्रबंधकों राजेश कुमार नंदेसरिया और उर्वरक प्रभारी अनीश मिश्रा और नन्हेलाल के खिलाफ मामला दर्ज हुआ है। इनके खिलाफ धारा 318(4), 316(5) बीएनएस, आवश्यक वस्तु अधिनियम की धारा 3, 7 और उर्वरक (नियंत्रण) आदेश 1985 की धारा 35(1)(ए) के तहत मामला दर्ज किया है।





