मध्य प्रदेश में घने कोहरे के कारण जनजीवन अस्त-व्यस्त, शीतलहर से गिरेगा तापमान

भोपाल। गुरुवार को मध्य प्रदेश के कई जिलों में घने कोहरे ने जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया। खासकर भोपाल, राजगढ़ और उज्जैन में दृश्यता मात्र 50 मीटर रह गई है, जिससे यातायात प्रभावित हुआ। प्रदेश के उत्तर और मध्य भाग में कोहरा सबसे ज्यादा देखा गया। मौसम विभाग के अनुसार यह कोहरा अगले कुछ दिनों तक बने रहने की संभावना है।
कोहरे का कारण और असर
मौसम विभाग ने बताया कि वातावरण में नमी के स्तर में कमी और तापमान में गिरावट के कारण कोहरे की यह स्थिति पैदा हुई है। इसके अतिरिक्त उत्तर से आ रही ठंडी हवाओं ने कोहरे को और भी घना बना दिया है। मौसम विज्ञानी अजय शुक्ला के अनुसार यह स्थिति अगले कुछ दिनों तक बनी रह सकती है।
प्रभावित क्षेत्र
भोपाल, राजगढ़ और उज्जैन: रतलाम में दृश्यता घटकर 50 मीटर रह गई, जिससे लोगों को वाहन चलाने में भारी परेशान हो रही है।
ग्वालियर, रतलाम और नर्मदापुरम: इन इलाकों में दृश्यता 200 मीटर रह गई है। यहां लोगों को काफी सावधानी से वाहन चलाते देखा गया।
रायसेन और इंदौर: रायसेन में दृश्यता 500 मीटर रही, जबकि इंदौर में यह एक किलोमीटर दर्ज की गई।
पूर्वी मध्य प्रदेश: खजुराहो और नौगांव में 500 मीटर दृश्यता रही और रीवा व मंडला में एक किलोमीटर की दृश्यता रही।
आगामी मौसम का अनुमान
मौसम विज्ञानी अजय शुक्ला का कहना है कि यह स्थिति अगले कुछ दिनों तक बनी रह सकती है। प्रदेश के भोपाल, राजगढ़ और उज्जैन में सबसे कम दृश्यता 50 मीटर दर्ज की गई। इसके अलावा ग्वालियर, रतलाम और नर्मदापुरम में 200 मीटर, रायसेन में 500 मीटर और इंदौर में एक किलोमीटर दर्ज हुई। वहीं पूर्वी मप्र के इलाकों में खजुराहो व नौगांव में 500 मीटर, रीवा और मंडला में एक किलोमीटर दृश्यता रही।





