एयरक्राफ्ट कैरियर, वॉर शिप, ईरान की तरफ ट्रंप क्यों भेज रहे बड़ा जंगी बेड़ा, अमेरिका करेगा हमला?

वॉशिंगटन: अमेरिकी नौसेना का एक बेड़ा खाड़ी की ओर बढ़ रहा है जिससे ईरान को लेकर अमेरिकी कार्रवाई की आशंका तेज हो गई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस बेड़े के खाड़ी की तरफ जाने की पुष्टि की है। पिछले सप्ताह ट्रंप ने ईरान पर मिलिट्री कार्रवाई की संभावना को कम बताया था, जब वॉइट हाउस ने कहा कि तेहरान ने प्रदर्शनकारियों को फांसी देने की योजना रोक दी है। हालांकि, राष्ट्रपति ने गुरुवार को मिलिट्री तैयारियों की पुष्टि की। वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम से लौटते हुए ट्रंप ने एयर फोर्स वन में पत्रकारों से कहा, हम ईरान पर नजर रख रहे हैं।

ट्रंप ने कहा- ईरान पर नजर रख रहे

राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि आप जानते हैं कि ‘हमारे बहुत सारे जहाज उस दिशा में जा रहे हैं। हमारी एक बड़ी फोर्स ईरान की ओर जा रही है।’ उन्होंने आगे कहा कि ‘मैं नहीं चाहता कि कुछ भी हो, लेकिन हम उन पर बहुत करीब से नजर रख रहे हैं।’ अमेरिकी राष्ट्रपति ने इसे विशाल बेड़ा बताया लेकिन साथ ही कहा कि ‘हो सकता है कि हमें इस्तेमाल न करना पड़े।’

बेड़े में USS अब्राहम लिंकन शामिल

इस दौरान ट्रंप ने दोहराया कि तेहरान के खिलाफ बल प्रयोग की उनकी धमकी ने 837 प्रदर्शनकारियों को फांसी दिए जाने से रोक दिया था। उन्होंने यह भी कहा कि वह ईरान से बात करने के लिए तैयार हैं। इसके पहले दो अमेरिकी अधिकारियों ने गुरुवार (स्थानीय समयानुसार) को बताया था कि अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर स्ट्राइक ग्रुप आने वाले दिनों में मिडिल ईस्ट में पहुंचेंगे। अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, एयरक्राफ्ट कैरियर USS अब्राहम लिंकन, कई विध्वंसक और अमेरिकी जंगी जहाज पिछले सप्ताह एशिया-पैसिफिक से चलना शुरू हो गए थे।

अमेरिका और ईरान में तनाव

यह मूवमेंट ऐसे समय में हो रहा है जब ईरान में विरोध प्रदर्शनों को दबाने के लिए कड़ी कार्रवाई के बाद वॉशिंगटन और तेहरान के बीच तनाव बढ़ गया था। एक अमेरिकी अधिकारी ने कहा कि मिडिल ईस्ट के लिए अतिरिक्त एयर डिफेंस सिस्टम पर भी विचार किया जा रहा है। ट्रंप ने प्रदर्शनकारियों की हत्या को लेकर ईरान के खिलाफ बार-बार धमकी दी थी, जिसमें हमला करना शामिल था। हालांकि, पिछले सप्ताह विरोध प्रदर्शनों के कम होने के बाद ईरान को लेकर ट्रंप के बयानों में नरमी देखी गई है।

ईरान ने बुधवार को पहली बार विरोध प्रदर्शनों में मारे गए लोगों का आंकड़ा जारी किया जिसमें बताया कि 3117 लोग मारे गए हैं। मानवाधिकार समूहों का कहना है कि असल संख्या इससे बहुत ज्यादा हो सकती है। ईरान में 8 जनवरी के बाद से इंटरनेट पर प्रतिबंध जारी है जिसके चलते बहुत कम जानकारी निकलकर बाहर आ पा रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button