भोपाल में अतिक्रमण हटाने पहुंचे थे अफसर; सामने खड़े होकर व्यापारी ने बनाया वीडियो

भोपाल, भोपाल के बाजारों में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के बीच निगम के 3 अफसरों के सामने ही रुपए लेन-देन करने का यह वीडियो एक व्यापारी ने बना लिया। 39 सेकंड के इस वीडियो में व्यापारी की अफसरों से तीखी बहस भी हो रही है। वह कार्रवाई से नाराज था।
बता दें कि शुक्रवार को बुधवारा इलाके में निगम के 3 अतिक्रमण अधिकारी शैलेंद्र सिंह भदौरिया, महेश गौहर और अरविंद चौधरी अमले के साथ अतिक्रमण हटाने पहुंचे थे, तभी दुकानें हटाने से नाराज एक दुकानदार ने वीडियो बनाया, जो शनिवार को सामने आया।
इसे लेकर विपक्ष ने भी सवाल उठाए हैं। नेता प्रतिपक्ष शबिस्ता जकी ने कहा कि भोपाल में अतिक्रमण माफिया सक्रिय हैं, जिनसे निगम के जिम्मेदारों की सांठ-गांठ है। उनके कहने पर ही अतिक्रमण लगता है। इसे लेकर कई बार निगम परिषद की बैठकों में भी मुद्दा उठा चुके हैं।
ये पहुंचे थे कार्रवाई करने
अतिक्रमण अधिकारी शैलेंद्र सिंह भदौरिया के पास दक्षिण-पश्चिम और नरेला विधानसभा का प्रभार है। महेश गौहर उत्तर विधानसभा, जोन-1 और 20 का जिम्मा संभाल रहे हैं। वहीं अरविंद चौधरी, भदौरिया के सहयोगी हैं।
16 जनवरी को भोपाल सांसद आलोक शर्मा ने कलेक्टोरेट में बैठक ली थी। उन्होंने पुराने शहर के बाजारों के अतिक्रमण पर नाराजगी जताई थी। इसके बाद 21 जनवरी को जिला प्रशासन, नगर निगम और पुलिस ने मिलकर लगातार 3 दिन तक बड़े स्तर पर कार्रवाई करते हुए 16 ट्रक सामान जब्त किया था।
इसके बाद भी कार्रवाई हो रही है। शुक्रवार को भी अमला बुधवारा पहुंचा था। इसी कार्रवाई के बीच अतिक्रमण के नाम पर अवैध वसूली को लेकर यह वीडियो सामने आया।
अतिक्रमण अधिकारी बोले- झूठी शिकायतें करता है
इस मामले में अतिक्रमण अधिकारी महेश गौहर ने कहा कि आरोप झूठे हैं। कल कार्रवाई में वह बाधा बन रहा था। उसका काम ही यही है। जब भी कार्रवाई करने जाओ तो वह नेतागीरी करता है। अमले के साथ बदतमीजी करता है।
महापौर बोल चुकीं- अतिक्रमण में सीधे-सच्चे लोग पकड़े जाते हैं, बड़े बच निकलते हैं…
6 महीने पहले हुई निगम परिषद की बैठक में महापौर मालती राय अतिक्रमण को लेकर बड़ी बात कह चुकी हैं। उन्होंने कहा था कि जब भी अतिक्रमण की कार्रवाई होती है तो सीधे-सीधे सच्चे पकड़े जाते हैं। बड़े-बड़े बच निकलते हैं। एक सच यह भी है कि अतिक्रमण अमले में सालों से कर्मचारी एक ही जगह जमे हैं। उन्होंने तत्कालीन कमिश्नर हरेंद्र नारायण से कहा था कि आप इन कर्मचारियों को बदलें। महापौर ने कहा था कि शहर में अतिक्रमण बड़ी समस्या बनती जा रही है। ऐसा इसलिए, क्योंकि अतिक्रमण की कार्रवाई सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक होती है। अतिक्रमणकारी इसके बाद ही शहर की सड़कों पर आ जाते हैं। इसके चलते अब दो पालियों में कार्रवाई करें। एक पाली सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक और दूसरी शाम 6 बजे से रात 9 बजे तक रहे। जो भी पकड़ा जाए उसका आधार भी चेक किया जाएगा। जो जहां रहता है वहीं कारोबार करें यह भी सुनिश्चित किया जाए।





