नाबालिग हिंदू छात्रा से रेप केस में खुलासा:घटना के समय माज-ओसाफ एक साथ थे, सीडीआर में पुष्टि, आरोपी ने छेड़छाड़ भी की थी

भोपाल, भोपाल के खानूगांव में थार में बंधक बनाकर 11वीं कक्षा की नाबालिग हिंदू छात्रा से रेप, पॉस्को, धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम और आईटी एक्ट के आरोपी मोहम्मद माज खान को गुरुवार को पुलिस घटना स्थल लेकर पहुंची। आरोपी से स्पॉट पर तस्दीक की गई। इसी के साथ घटना के दिन और समय आरोपी माज और ओसाफ अली खान एक साथ थे, इस बात की पुष्टि उनकी सीडीआर से हो गई है। माज ने भी पीड़िता को अश्लील मैसेज किए और छेड़छाड़ की, इस बात की पुष्टि भी पुलिस की जांच में हो गई है।
पुलिस को मिली सीडीआर से साफ हो चुका है कि घटना के समय दोनों की मोबाइल लोकेशन एक साथ एक ही स्थान पर खानूगांव में थी। वहीं ओसाफ कार में एक छुरा रखता था। जिसे जब्त किया गया है। आरोपियों के खिलाफ आर्मस एक्ट की धाराओं में इजाफा कर लिया गया है। पुलिस रिमांड पर चल रहे माज ने पीड़िता के साथ छेड़छाड़ करने की बात से इनकार किया है।
उसका कहना है कि उसने केवल पीड़िता का निजि वीडियो गुपचुप तरीके से बनाया था। पुलिस को आरोपी द्वारा पीड़िता को मैसेज किए जाने के प्रमाण भी मिले हैं। आरोपी माज की गिरफ्तारी पर दस हजार रुपए का ईनाम घोषित था।
प्रधान आरक्षक पर गोपनीय सूचना लीक करने के आरोप
माज की गिरफ्तारी बीते रविवार को की गई थी। गिरफ्तारी के साथ ही कोहेफिजा थाने में पदस्थ प्रधान आरक्षक ज्ञानेंद्र दिवेदी को सस्पेंड किया गया था। आरोप था कि आरोपी ने माज के साथ एक होटल में लंच किया। विभाग की गोपनीय सूचना लीक कीं, जिससे माज की गिरफ्तारी में विलंब हुआ। इस काम के लिए ज्ञानेंद्र को 50 हजार रुपए दिए गए थे। इस बात की पुष्टि माज ने पुलिस की पूछताछ में की है।
अब ज्ञानेंद्र के खिलाफ विभागीय जांच जारी है। बता दें कि माज महज 23 साल का होने के साथ ही प्रतिष्ठित जिम का संचालन करता है। इसी के साथ कई कंस्ट्रक्शन साइट्स में स्वयं को पार्टनर बता रहा है। उसका भाई मोनिस एमडी ड्रग की तस्करी के आरोप में फिलहाल जमानत पर है। महज 8 से 10 सालों में माज और मोनिस करोड़पति कैसे बने, इस बात की भी जांच एसआईटी करेगी। मोनिस 10-12 साल पहले मामूली होम ट्यूटर हुआ करता था।
लगातार खुलासों के बाद एसआईटी का गठन
11वीं की छात्रा से रेप केस में आरोपी माज खान के खुलासों ने पुलिस को चौंका दिया है। उसने बताया है कि ओसाफ अली खान ने थार में नाबालिग से रेप किया। इस दौरान वह बाहर खड़ा था। उसी ने छिपकर वीडियो शूट किया है।
आरोपी माज खान ने बताया कि मैंने प्लानिंग पहले ही कर ली थी। कार के बाहर खड़े रहकर ग्लास से अंदर झांका और चोरी छिपे वीडियो शूट कर लिया। वीडियो को आपस में शेयर किया। लड़की को संबंध बनाने के लिए कई बार मजबूर किया। यहां तक कि वीडियो को वायरल करने की धमकी देकर छात्रा से 40 हजार रुपए भी वसूल लिए।
इधर, छात्रा से खानूगांव में जिस थार में पहली बार रेप किया गया था। पुलिस ने उसे भी बरामद कर लिया है। कार को सीहोर जिले के एक गांव में माज ने छिपा दिया था। माज खान ही थार सहित चार कारों का इस्तेमाल करता था। इन चारों कारों में छात्रा से अलग-अलग समय में अलग-अलग स्थानों पर रेप किया है।
365 जिम का संचालक माज खान 13 फरवरी तक कोहेफिजा थाना पुलिस की रिमांड पर है। उसे 8 फरवरी को कोर्ट में पेश किया गया था। पुलिस अन्य छात्राओं से भी रेप, ब्लैकमेलिंग के संबंध में पूछताछ कर रही है। वहीं मुख्य आरोपी ओसाफ अली खान (19) को जेल भेज दिया गया है। वहीं जांच के लिए चार सदस्यों की स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) बनाई गई है।
पुलिस ने बताया कि जिस आईफोन से छात्रा के रेप के वीडियो शूट किए गए, वह माज का ही था। इसे माज ने राजस्थान में तोड़कर फेंकने की बात कही है। वह लगातार अपनी बात पर कायम है। पुलिस उसके मोबाइल फोन को अब भी जब्त नहीं कर सकी है।
लग्जरी कारों का शौकीन है माज
माज की निशानदेही पर सोमवार रात तीन लग्जरी कार जब्त कर ली गई है। इन सभी कारों में अलग-अलग जगह पर माज के साथी ओसाफ अली खान ने छात्रा के साथ रेप किया था।
पुलिस का कहना है कि माज अपने मोबाइल को लेकर लगातार गुमराह कर रहा है। उसका कहना है कि वह ख्वाजा गरीब नवाज की दरगाह में जियारत के लिए अजमेर गया था। वहां जैसे ही लव जिहाद केस में अपना नाम आने की जानकारी मिली, उसने मोबाइल फोन तोड़कर जंगल में फेंक दिया।
रेप केस की जांच के लिए SIT गठित
मामले की जांच के लिए चार सदस्यों वाली स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) बनाई गई है। इस टीम को TT नगर ACP अंकिता खातरकर लीड करेंगी। SIT में महिला पुलिस स्टेशन इंचार्ज और कोहेफिजा पुलिस स्टेशन इंचार्ज को भी शामिल किया गया है।
एसआईटी यह भी जांच करेगी कि कहीं आरोपियों ने अन्य युवतियों को भी अपना शिकार तो नहीं बनाया। साथ ही, पीड़ित छात्रा आरोपियों के संपर्क में कैसे आई, इसकी भी जांच होगी। आरोपी माज की भूमिका, वीडियो बनाए जाने और उससे जुड़ी परिस्थितियां भी शामिल होंगी।
SIT की टीम पीड़िता से मुलाकात कर बयान दर्ज करेगी। वहीं दोनों आरोपियों से कड़ी पूछताछ की जाएगी। इसके अलावा आरोपी औसाफ और माज के दोस्तों की भूमिका को लेकर भी जांच की जाएगी। नाबालिग छात्रा के साथ कार में दुष्कर्म, ब्लैकमेलिंग और धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाने के आरोप हैं।





