SI रिश्वत लेते पकड़ाया, मर्डर-केस में फंसाने की धमकी देकर 50 हजार मांगे

कोरिया/बलौदाबाजार, छत्तीसगढ़ में SI और प्रिंसिपल अलग-अलग मामलों में रिश्वत लेते पकड़ाए हैं। कोरिया जिले के पोड़ी चौकी में पदस्थ SI अब्दुल मुनाफ ने मर्डर केस में फंसाने की धमकी देकर एक किसान से 50 हजार रिश्वत मांगी थी। जब किसान SI को 25 हजार कैश देने पहुंचा तो एसीबी ने रंगे हाथों पकड़ लिया। वीडियो में पुलिसकर्मी ने अपने बचाव में पैसा मांगने का सबूत मांगा। मामला पोड़ी चौकी थाना क्षेत्र का है।
दूसरा मामला बलौदाबाजार जिले का है। जहां भाटापारा के सरकारी स्कूल के प्रिंसिपल ने एक विकलांग टीचर से विकलांगता भत्ता निकालने के एवज में 15 हजार मांगा था। नहीं देने पर सैलेरी रोक दी थी। ACB ने मौके पर पहुंचकर उसे गिरफ्तार कर लिया। दोनों ही मामले में कार्रवाई का वीडियो सामने आया है।
अंबिकापुर में SI ने 50 हजार रिश्वत मांगा
अंबिकापुर के ग्राम पोड़ी के रहने वाले किसान सत्येंद्र प्रजापति के घर का निर्माण कार्य चल रहा था। किसान ने गांव के ही मजदूर मोहित घसिया से ईंट बनवाई थी। 21 फरवरी (शनिवार) को मजदूर ने ईंट निर्माण के लिए गड्ढा खोदा था, जिसमें पानी भर गया था। उसी रात मजदूर के बेटे की पानी में डूबने मौत हो गई थी।
जिसके बाद मामला थाने पहुंचा था। बचरा पोड़ी में पदस्थ SI अब्दुल मुनाफ और ASI गुरु प्रसाद यादव मामले की जांच के लिए गांव पहुंचे थे। दोनों ने किसान सत्येंद्र के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज न करने और मामला रफा दफा करने का ऑफर दिया और 50 हजार मांगे।
मर्डर केस में फंसाने की धमकी दी
किसान सत्येंद्र ने इतनी बड़ी रकम ना दे पाने की बात कही तो, पुलिस अधिकारियों ने उन्हें मर्डर केस में फंसाने की धमकी दी और इसे केस से बचाने के लिए पैसे मांगे थे। जिसके बाद किसान पैसे देने के लिए राजी हो गया था।
किसान ने कहा था कि धान का पैसा 24 फरवरी को मिलेगा। उसी दिन वह पैसे दे देगा। इसी बीच 22 फरवरी को ASI ध्रुव प्रसाद यादव का ट्रांसफर हो गया। वे अंबिकापुर चले गए।
किसान 24 फरवरी (मंगलवार) को SI को पैसे देने चौकी पहुंचा। किसान ने पहले ही ACB (एंटी करप्शन ब्यूरों) में शिकायत कर दी थी। एसीबी की 6 सदस्यीय टीम पहले से चौकी के आसपास मौजूद थी।
ACB की रंगे हाथ पकड़ने की कार्रवाई
ACB के डीएसपी प्रमोद कुमार खेस ने बताया कि 24 फरवरी को टीम बचरा-पोड़ी पहुंची। शिकायतकर्ता सत्येंद्र प्रजापति को केमिकल लगे 25 हजार रुपए देकर चौकी के अंदर भेजा गया। संजय प्रजापति ने चौकी प्रभारी अब्दुल मुनाफ को 25 हजार रुपए दिए और इशारा किया।
इशारा मिलते ही ACB की टीम चौकी के अंदर घुसी और अब्दुल मुनाफ को हिरासत में ले लिया। उनके पास से रिश्वत की रकम बरामद कर ली गई। वहीं, ASI गुरु प्रसाद यादव को अंबिकापुर से हिरासत में लिया गया।
शिकायत के बाद दर्ज हुई एफआईआर
मामले की शिकायत मिलने पर 21 फरवरी 2026 को ACB ने दोनों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। इसके बाद टीम ने कार्रवाई करते हुए बचरा-पोड़ी पहुंचकर ट्रैप की कार्रवाई की। दोनों के खिलाफ धारा 7 और 12 भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज की है। आगे की जांच जारी है
बलौदाबाजार में प्रिंसिपल ने 15 हजार रिश्वत मांगा
ये मामला भाटापारा के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मोपका का है। जहां दीपक डोंगरे ने एसीबी में शिकायत दर्ज कराई थी कि उनके पिता विजय कुमार डोंगरे विकलांग हैं और वे सरकार द्वारा दिए जाने वाले विशेष विकलांगता भत्ते के हकदार हैं।
आरोप लगाया गया कि स्कूल के प्रिंसिपल इस भत्ते का भुगतान करने के एवज में हर महीने 10,000 रुपए रिश्वत की मांग करते थे। यह राशि कभी सीधे तो कभी बैंक खाते में ट्रांसफर की जाती थी। हाल ही में, प्रिंसिपल ने पिछले छह महीनों की बकाया राशि निकालने के लिए 15,000 रुपए रिश्वत की मांग की थी और राशि न देने पर पीड़ित शिक्षक का वेतन ही रोक दिया था।





