इजरायली सेना ने सोमालीलैंड में कदम रखा तो तबाही मचा देंगे, हूतियों का ऐलान, दी खुली धमकी

सना: यमन के बड़े हिस्से पर काबिज हूती विद्रोहियों ने इजरायल को सोमालीलैंड से दूर रहने की चेतावनी दी है। हूती नेता ने कहा है कि सोमालीलैंड में इजरायली मौजूदगी को मिलिट्री टारगेट मानते हुए हमले किए जाएंगे। हूतियों की ओर से यह धमकीभरा बयान इजरायल के सोमालीलैंड को देश के तौर पर मान्यता देने के फैसले के विरोध में आया है। सोमालिया से अलग हुए हिस्से सोमालीलैंड को मान्यता का अरब और अफ्रीका के ज्यादातर देशों ने विरोध किया है। हूतियों ने एक कदम आगे बढ़ते हुए इजरायल को हमले की धमकी दे डाली है।
हूती प्रमुख अब्दुलमलिक अल हूती ने अपने बयान में कहा है कि हम सोमालीलैंड में किसी भी इजरायली मौजूदगी को अपनी सशस्त्र सेनाओं के लिए एक सैन्य लक्ष्य मानते हैं। यह सोमालिया और यमन के खिलाफ आक्रामकता है और हम इसे क्षेत्र की सुरक्षा के लिए खतरा है। ऐसे में हम यहां इजरायली सेना को रोकेंगे।
इजरायल का फैसला खतरनाक
हूती प्रमुख ने कहा कि इजरायल का सोमालीलैंड को मान्यता देना एक खतरनाक फैसला है। यह यमन, सोमालिया और उसके अफ्रीकी पड़ोस के देशों के अलावा लाल सागर और लाल सागर के दोनों किनारों पर स्थित देशों को निशाना बनाने वाला एक शत्रुतापूर्ण रुख है। ऐसे में हम इसका पूरी ताकत से विरोध करेंगे।सोमालीलैंड साल 1991 में सोमालिया से अलग हुआ था। अदन की खाड़ी के पास रणनीतिक स्थान पर स्थित इस क्षेत्र की अपनी करेंसी, पासपोर्ट और सेना है। इसके बावजूद दुनिया ने उसे देश के तौर पर मान्यता नहीं दी है। इजरायल पहला देश है, जिसने आधिकारिक तौर पर सोमालीलैंड को देश माना है।
हूती क्यों खफा
इजरायल के सोमालीलैंड पर फैसले का दुनिया के बड़े हिस्से ने विरोध किया है। हूतियों के ज्यादा आक्रामक होने की वजह उसका इजरायल के साथ तनाव है। बीते कुछ वर्षों में खासतौर से अक्टूबर 2023 में गाजा युद्ध शुरू होने के बाद इजरायल और हूती आमने-सामने हैं। इजरायल ने कई बार यमन में हूतियों पर हवाई हमले किए हैं।





